श्रद्धांजलि देकर निकल गये मुख्यमंत्री मोहन यादव,


जौनपुर।  मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव सोमवार को जिले के समसपुर पनियरिया पहुंचे। उन्होंने राज्यमंत्री गिरीशचंद यादव के घर आयोजित तेरहवीं में शामिल होकर उनके दिवंगत पिता स्वर्गीय सवधु यादव को श्रद्धांजलि अर्पित की। मुख्यमंत्री तीन घंटे विलंब से पहुंच सके। श्रद्धांजलि के बाद मुख्यमंत्री ने घर के अंदर दिवंगत सवधु यादव की माता रजपत्ती सहित परिजनों से मुलाकात की। उन्होंने परिवार को सांत्वना दी। लगभग आधे घंटे तक परिजनों से मिलने के बाद मुख्यमंत्री बाहर आए और भीड़ तथा कार्यकर्ताओं का अभिवादन किया। उन्होंने पंडाल में उपस्थित लोगों और जनप्रतिनिधियों से भी बातचीत की और कुछ लोगों के साथ सेल्फी भी खिंचवाई। मुख्यमंत्री ने मीडिया से कहा कि वह महाकाल की धरती से बाबा विश्वनाथ की धरती पर आए थे। उन्होंने मीडिया के अन्य सवालों का जवाब दिए बिना प्रस्थान किया। मुख्यमंत्री मोहन यादव इसके बाद सीधे अपनी फॉरच्यूनर कार से हेलीपैड स्थल के लिए रवाना हो गए। दोपहर लगभग सवा दो बजे वह हेलिकॉप्टर से वाराणसी एयरपोर्ट के लिए प्रस्थान कर गए। हेलीपैड पर उन्होंने भाजपा के कई नेताओं, जनप्रतिनिधियों और विधायकों से मुलाकात की। इस दौरान पुलिस व्यवस्था चाक-चौबंद रही ।   मुख्यमंत्री ने राज्यमंत्री गिरीशचंद यादव से व्यक्तिगत रूप से बात कर उन्हें सांत्वना दी और दुख व्यक्त किय  विधायक रमेश सिंह, विधायक रमेश मिश्रा, जिलाध्यक्ष अजीत प्रजापति, पूर्व अध्यक्ष हरिशंकर हरिश्चंद्र सिंह, नगर पालिका अध्यक्ष मनोरमा मौर्य, सहित तमाम लोग मौजूद रहे। ज्ञज्ञत हो कि मुख्यमंत्री के आगमन को लेकर जहां सभी प्रशासनिक विभाग हाईअलर्ट पर रहे। एक किलोमीटर के राउंड पर आने जाने वाले लोगों पर नजर रखी जा रही थी। खेत खलिहानों से लेकर छत व पेड़ों पर पुलिस मुस्तैद रही वहां से पैनी नजर लोगों पर रख रही थी। इसके साथ ही सड़क या किसी भी मार्ग से आने जाने वालों की सघन जांच भी की जा रही थी, लोगों की छानबीन कर ही उन्हें प्रवेश दिया जा रहा था।हेलिकॉप्टर स्थल पर उतरते ही दूर से देखने वाले लोग चिल्लाने लगे, लेकिन सुरक्षा के बीच हेलीपैड स्थल तक कोई नहीं पहुंच सका दूर से ही शोर करते रहे। सादे ड्रेस में महिला व पुरुष पुलिस घर से लेकर बाहर तक भीड़ में भी तैनात थे। राज्यमंत्री के घर से करीब 500 दूर सभी पार्किंग की व्यवस्था की गई थी। वहां से लोग उनके घर तक पैदल ही पहुंचें।

Leave a Reply

Your email address will not be published.

Time limit exceeded. Please complete the captcha once again.